तीन सप्ताह में जलाशयों पर अतिक्रमण करने वालों पर कड़ी कार्रवाई करें: झारखंड हाई कोर्ट
Aug 23, 2024 | by Janjeevan
रांची, 23 अगस्त । झारखंड हाई कोर्ट ने जलाशयों के आसपास हो रहे अतिक्रमण के मामले में कड़ी कार्रवाई का आदेश दिया है। एक्टिंग चीफ जस्टिस सुजीत नारायण प्रसाद और जस्टिस अरुण राय की खंडपीठ ने शुक्रवार को धुर्वा डैम, गेतलसूत डैम, कांके डैम, और हरमू नदी समेत अन्य जलाशयों पर हो रहे अतिक्रमण को तुरंत हटाने का निर्देश दिया है।
कोर्ट ने तीन सप्ताह के भीतर अतिक्रमण हटाने के लिए एक व्यापक अभियान चलाने का आदेश दिया है। इसके साथ ही, राज्य सरकार और रांची नगर निगम को इस संबंध में एक एक्शन प्लान तैयार करने का निर्देश भी दिया गया है। अदालत ने कहा कि लगातार ग्राउंड वाटर का स्तर गिरने के कारण हम रिजर्व वाटर बॉडी पर निर्भर हो रहे हैं। यदि ये जलाशय भी अतिक्रमण का शिकार हो जाते हैं, तो जल आपूर्ति का विकल्प समाप्त हो जाएगा और भविष्य में गंभीर जल संकट उत्पन्न हो सकता है। इसलिए, अतिक्रमण पर सख्त कार्रवाई आवश्यक है।
रांची के बड़ा तालाब और आसपास के जल स्रोतों की सुरक्षा और अतिक्रमण हटाने की मांग को लेकर झारखंड हाई कोर्ट में जनहित याचिका दायर की गई थी। याचिका में आरोप लगाया गया है कि बड़ा तालाब, कांके डैम, और धुर्वा डैम की सैकड़ों एकड़ जमीन अतिक्रमणकारियों द्वारा हड़प ली गई है और वहां मल्टी-स्टोरी बिल्डिंग का निर्माण हो रहा है, जो जलाशयों पर प्रतिकूल प्रभाव डाल रहा है।

